Diwali 2021 :- जाने दिपावली का शुभ मुर्हूत पुजा का समय व पूजा का महत्व

कार्तिक मास को हिन्दू धर्म में खास माना जाता हैं। कार्तिक महीने के पुरे 30 दिन महिलाए व्रत पूजा पाठ आदि करती हैं। कार्तिक मास (Kartik Maas) की अमावस्या (Amavasya) को दीपावली का भी त्यौहार मनाया जाता है। दीपवाली के त्यौहार का पर्व पुरे 5 दिन तक मनाया जाता हैं। दीपावली के त्यौहार का पर्व धनतेरस (Dhanteras) के दिन से शुरू होता हैं। यह पर्व भैया दूज के दिन सम्पात होता हैं। साल 2021 में दीपावली कब हैं कब इसकी पूजा होगी और कब इस दीपवाली और बाकि त्योहारों के लिए शुभ मुर्हूत हैं आज हम को बतायेगे।
साल 2021 मन दिवाली का त्यौहार 4 नवंबर (Diwali on 4th November) को मानया जायेगा, वही बात करे इसके शुरुआत की तो धनतेरस के दिन से इसकी शुरुआत होगी और धनतेरस का त्यौहार 2 नवंबर को मनाया जाएगा। धनतेरस के बारे में आपको एक अलग से आर्टिकल लिख कर उससे जुडी पूरी जानकारी दी हैं।

क्या हैं दिवाली के पीछे की कहानी (Diwali ki Katha)

दिवाली मानाने के पीछे पौराणिक कथा के अनुसार कार्तिक मास की अमावस्या के दिन भगवन राम (Bhagwan Ram) अपने 14 वर्ष के वनवास के बाद अयोध्या नगरी (Ayodhya) वापिस आये थे। भगवन राम के वापसी पर अयोध्यावासियो ने पुरे नगर में दिए व रौशनी (Diya Lighting)  करके पुरे नगर को रौशन कर दिया था। दिप जलाकर भगवन राम का स्वागत अयोध्या नगरी में किया गया था। तभी से यह प्रथा चली आ रही है की कार्तिक मास के अमावस्या के दिन दिवाली के त्यौहार के दिन हिन्दू धर्म (Hindu Dharam) इस त्यौहार को मनाया जाता हैं।

diwali 2021

क्या है इस दिन की पूजा (Diwali Ki Pooja) 

कार्तिक अमावस्या के दिन मां लक्ष्मी,भगवन गणेश और सरस्वती (Lakshmi Ganesh Sarasvati pujan) की पूजा की जाती हैं। इसके पीछे कहा जाता है कि गणेशजी को कार्य सफल और बुद्धि देने वाले देवता के रूप में देखा जता है, साथ ही गणेश भगवान को कार्य सफल करने के लिए हमेशा सबसे पहले पुजा जाता हैं। लक्ष्मी माता का पूजन धन धान्य कि वृद्धि के लिए किया जाता हैं। लक्ष्मी जी व कुबेर जी भक्तो पर कृपा करते हैं। सरस्वती मां को ज्ञान कि देवी कहा जाता हैं ज्ञान व बुद्धि प्राप्ति के लिए माता की पूजा की जाती हैं।

कब कौनसा त्यौहार (Festival Dates)

2021 में दिवाली कब हैं (Diwali Kab Hai)  इस को लेकर हमने आपको पहले भी बताया। लेकिन बात करे पुरे पांच त्योहारों की तो इनकी शुरआत 2 नवम्बर से हो गई हैं। 2 नवम्बर को धनतेरस (Dhanteras) का त्यौहार मनाया गया जाएगा। इस दिन घर में बर्तन सोना चांदी खरीदने की प्रथा हैं। वही 3 नवंबर को छोटी दिवाली (Choti Diwali) का त्यौहार मनाया जाएगा। 4 नवम्बर को अमावस्या के दिन दिवाली (Diwali) का त्यौहार बड़ी धूम धाम से मनाया जाएगा। दिवाली के त्यौहार के दिन लक्ष्मी माता गणेश जी और सरस्वती माता की पूजा की जाएगी। 5 नवंबर के दिन गोवेर्धन (Govardhan) का त्यौहार मनाया जाएगा। गोवेरफान के दिन भगवन गोवेर्धन की पूजा की जाती है। वही 6 नवंबर को भैया दूज (Bhai Dooj) का पर्व मनाया जाएगा भैया दूज के दिन बहन भाई की कलाई पर कलावा बांधती हैं।

lakshmi ji ganesh ji saraswai mata

जाने क्या है शुभ मुहूर्त (Shubh Mahurat) 

धनतेरस का मुहूर्त (Dhanteras Mahurat)

धनतेरस का त्यौहार 2 नवम्बर को मनाया जाएगा

शुभ मुहूर्त शाम को 6.18 मिनट से 8.11 मिनट

छोटी दिवाली का मुहूर्त (Choti Diwali Mahurat)

03.नवम्बर 2021 बुधवार
कार्तिक मास चतुर्दशी

प्रदोष काल का मुहूर्त शाम 06.14 मिनट से रात 08.10 मिनट तक हैं।

दीपावली शुभ मुहूर्त (Diwali Mahurat)

4 नवंबर 2021 ,गुरुवार
कार्तिक मास अमावस्या

मुहूर्त – शाम 6.08 मिनट से 08.06 मिनट तक है।
प्रदोष काल – शाम 05.34 मिनट से रात को 08.१० मिनट तक
वृषभ काल- 06.10 से 08.18 तक

गोवेर्धन पूजा मुहूर्त (Govardhan Mahurat) 

कार्तिक मास एकम
गोवेर्धन का पर्व 5 नवम्बर 2021 शुक्रवार को मनाया जाएगा
इस दिन पूजा का शुभ मुहूर्त शाम को 06.35 मिनट से 08.47 मिनट तक है।

सायकाल में यह 03.21 मिनट से 05.33 तक है।

भाई दूज का त्यौहार (Bhai Dooj Mahurat)

6 नवंबर 2021 को मनाया जाएगा।
इस दिन कार्तिक मास की दूज होगी।
शनिवार के दिन यह त्यौहार मनाया जाएगा

शुभ मुहूर्त दोपहर 1.10 मिनट से 3.21 मिनट तक है।

 

झलको मीडिया के परिवार की ओर से भी आप सभी लोगो धनतेरस,दिपावली,गोवर्धन,भाई दूज की हार्दिक शुभकामनाएं। दिवाली का त्यौहार आपके जीवन में सुख समृद्धि शान्ति व ढेरो खुशियां लेकर कर आए।

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