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जोधपुर

‘बजरंगी भाईजान’ जैसे असल जिंदगी में 13 महीने बाद मूकबधिर बच्चा घर पहुंचा, स्वर्ण मंदिर देखकर मुस्कराया तो घर का पता चला

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कभी-कभी फिल्मी दुनिया की कहानियां हमारे सामने घटित होने लग जाए तो एक बार के लिए हम हैरान ही होते हैं लेकिन वह असल में एक अलग खुशी का एहसास करवाती है। राजस्थान में जोधपुर जिले के रेलवे स्टेशन पर करीब 13 माह पहले फिल्म ‘बजरंगी भाईजान’ की तर्ज पर लावारिस हुआ मूकबधिर किशोर ‘गोपी’ अपने घर पहुंचा।

बजरंगी भाईजान फिल्म की मुन्नी की तरह गोपी भी बोल और सुन नहीं पाता है, जिस तरह मुन्नी कश्मीर की वादियां देखकर चौंकी थी उसी तरह गोपी भी अमृतसर के स्वर्ण मंदिर को देखकर हंसा और फिर पता करने पर पाया गया कि वह अमृतसर के पास का रहने वाला है। बाल कल्याण समिति के सदस्यों ने उसे घर तक पहुंचाने में मदद की है।

अमृतसर में बस को देखकर गोपी ने किया इशारा

बाल कल्याण समिति के लोगों ने बताया कि किशोर गृह में एक दिन गोपी को मंदिर, पर्यटक स्थल, गुरुद्वारों, मजिस्दों सभी की फोटो कंप्यूटर पर दिखाई गई जिसके बाद गोपी ने गोल्डन टेंपल की फोटो देखकर खुशी जताई. ऐसे में समिति के लोग उसे अमृतसर लेकर गए लेकिन वहां कुछ पता नहीं चला।

बीते 4 अगस्त को जैसे ही गोपी को अमृतसर बस स्टेशन पर लाया गया वहां उसने बस की तरफ उंगलियों से इशारा किया जैसे मानो वो यह बस पहचानता हो। कुछ ही देर बाद बस ड्राइवर ने भी गोपी को पहचान लिया और आस-पास के लोगों ने भी गोपी को पहचान लिया।

मां ने 2 साल बाद देखा अपना बेटा

बस के सभी लोगों के पहचानने के पीछे यह कारण था कि वह बस गोपी के गांव की थी और सभी लोग उसके गांव के थे। बस फिर क्या लोगों ने उसे बस में बैठा लिया और गांव में उतरते ही उसे माला पहनाकर घर की तरफ ले जाया गया।

गोपी को देखते ही उसकी मां ने उसे गले से लगा लिया और फूट-फूट कर रोने लगी। एक मां के लिए 2 साल बाद बेटे का इस तरह आना जिसकी कोई उम्मीद नहीं बची थी, वहीं इस 2 साल में गोपी के जाने के गम में उसके पिता का भी निधन हो गया था।

बच्चे को घर तक पहुंचाने के पीछे बाल कल्याण समिति की खास भूमिका रही। अमृतसर ले जाने के दौरान आने वाली सभी तकनीकी समस्याओं पर बाल संरक्षण आयोग की अध्यक्ष संगीता बेनीवाल की भी मदद ली गई। बेनीवाल ने इस मामले पर राजकीय किशोर गृह, जोधपुर में बैठक कर पुलिस दल के साथ गोपी को अमृतसर ले जाने को कहा।

गांव में खुशी का माहौल

गोपी को गांव लेकर गए पुलिस दल ने बताया कि पूरे गांव में खुशी का माहौल है, हर घर में गोपी के आने की खुशी में मिठाई बांटी जा रही है।

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